
रुड़की/भगवानपुर (ग्रामीण तहकीकात): मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के ‘सरलीकरण, समाधान और निस्तारण’ के मंत्र को साकार करते हुए हरिद्वार-रुड़की विकास प्राधिकरण (HRDA) ने सोमवार को तहसील भगवानपुर में सुशासन कैंप का आयोजन किया। प्राधिकरण की उपाध्यक्ष श्रीमती सोनिका के कुशल निर्देशन में आयोजित इस कैंप में आम जनता की समस्याओं का एक ही छत के नीचे त्वरित समाधान किया गया।
एक ही दिन में 38 मानचित्रों का हुआ निस्तारण
कैंप में पहुंचे आवेदकों की फाइलों और तकनीकी समस्याओं का अधिकारियों ने मौके पर ही पारदर्शी तरीके से निस्तारण किया। कैंप की उपलब्धियां इस प्रकार रहीं:
- स्वीकृति: 18 नए निर्माण मानचित्रों को मौके पर ही स्वीकृति प्रदान की गई।
- निर्गत: 20 तैयार मानचित्रों को आवेदकों को सौंप दिया गया।
- कुल समाधान: कुल 38 मानचित्रों का निस्तारण कर जनता को बड़ी राहत दी गई।
उपाध्यक्ष श्रीमती सोनिका के सख्त निर्देश
उपाध्यक्ष श्रीमती सोनिका ने कैंप की प्रगति की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि:
- आम जनता की फाइलों को अनावश्यक रूप से लंबित न रखा जाए।
- हर आवेदक की समस्या का संतोषजनक और पारदर्शी समाधान सुनिश्चित हो।
- सुशासन का अर्थ तभी सार्थक है जब जनता को दफ्तरों के चक्कर न काटने पड़ें।
अगला कैंप 24 दिसंबर को
प्राधिकरण के सचिव मनीष कुमार सिंह ने जानकारी दी कि जनहित को देखते हुए अगला सुशासन कैंप 24 दिसंबर को पुनः भगवानपुर तहसील सभागार में ही आयोजित किया जाएगा। उन्होंने नागरिकों से अपील की है कि वे अपने निर्माण मानचित्रों, शुल्क संबंधी मामलों और अन्य विकास कार्यों के समाधान के लिए इस कैंप का लाभ उठाएं।
मौके पर मौजूद रही अधिकारियों की टीम
कैंप में सचिव मनीष कुमार सिंह, संयुक्त सचिव दीपक रामचंद्र सेठ, अधीक्षण अभियंता राजन सिंह सहित पूरी तकनीकी टीम मौजूद रही। त्वरित समाधान मिलने पर आवेदकों ने सरकार और एचआरडीए की इस पहल की जमकर सराहना की।